श्रीनगर, 12 मई । महत्वपूर्ण जी-20 बैठक से पहले उभर रहे आतंकी खतरों के बीच कश्मीर घाटी के शीर्ष पुलिस अधिकारी ने पुलिस बल की तैयारियां परखने के लिए शुक्रवार को श्रीनगर शहर का औचक दौरा किया। उन्होंने कहा कि यहां रात-दिन पुलिस का दबदबा है और प्रतिष्ठित कार्यक्रम को भव्य रूप से सफल बनाने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बलों को तैनात किया जाएगा।
अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कश्मीर रेंज) विजय कुमार आंतरिक शहर की गलियों और उपमार्गों से गुजरते हुए पंथाचौक में एक चेकपोस्ट पर पहुंचे। यह एक ऐसा क्षेत्र है, जो हमेशा यातायात से भरा रहता है क्योंकि यह देश को घाटी के बाकी हिस्सों से जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग का हिस्सा है। वे उन जवानों से भी मिले, जो शहर में आतंकियों के प्रवेश करने के संभावित मार्ग व महत्वपूर्ण राजमार्ग पर कड़ी निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राकेश बलवाल के साथ कर्मियों की कठिनाइयों के बारे में जानने के अलावा उन्हें अत्यावश्यक परिस्थितियों में अपना काम करने के लिए मार्गदर्शन किया।
उन्होंने ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों से कहा कि यह एक उच्च दबाव वाला काम है, लेकिन अंत में हमें 100 प्रतिशत सतर्क रहना होगा। कोई भी विफलता महंगी साबित हो सकती है। उन्होंने कहा कि पुलिस बल किसी भी चुनौती से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। एडीजीपी ने कहा कि आम तौर पर हमारे पास 365 दिनों के लिए एक नाका (चेकपोस्ट) होता है, लेकिन जब भी कोई महत्वपूर्ण घटना होती है तो हम में से हर कोई यह सुनिश्चित करने के लिए सड़कों पर होता है कि लोग शांति से सोएं।
उन्होंने कहा कि पिछले 15 दिनों में मेरे कई वरिष्ठ अधिकारी शहर में घूम रहे हैं। आज मैं उनका मनोबल बढ़ाने के लिए खुद बाहर आया हूं और सड़क पर अपने जवानों के साथ खड़ा हूं। उन्होंने स्वीकार किया कि आगामी जी-20 बैठक के मद्देनजर आतंकी समूहों से खतरा है, लेकिन हम यहां किसलिए हैं। आइए हम जम्मू-कश्मीर पुलिस के आदर्श वाक्य को न भूलें जो बलिदान और साहस की गाथा कहता है। उन्होंने कहा कि कुछ भी अप्रिय नहीं होगा।
एडीजीपी श्रीनगर के नौगाम क्षेत्र के अंदरूनी इलाकों में भी गए, जहां मुख्य रूप से प्रतिबंधित जैश-ए-मोहम्मद आतंकवादी समूह से खतरा अधिक था। उन्होंने वहां तैनात पुलिस और सीआरपीएफ जवानों से मुलाकात की और स्थिति का जायजा लिया। अपने दौरे के दौरान विजय कुमार ने एक निर्माणाधीन इमारत की ओर इशारा किया और अधिकारियों को वहां एक स्नाइपर तैनात करने का निर्देश दिया। घाटी के शीर्ष पुलिस अधिकारी ने यह भी बताया कि महिला यात्रियों की तलाशी लेने के लिए महिला पुलिसकर्मी भी मौजूद हैं। एडीजीपी विजय कुमार ने कहा कि हम सभी मानक संचालन प्रक्रियाओं का धार्मिक रूप से पालन कर रहे हैं और उम्मीद है कि यह कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होगा।
जी-20 पर्यटन कार्य समूह की बैठक
कश्मीर 22 से 24 मई तक तीसरी जी-20 पर्यटन कार्य समूह की बैठक की मेजबानी करेगा। पर्यटन पर पहली कार्य समूह की बैठक फरवरी में गुजरात के कच्छ के रण में और दूसरी अप्रैल में पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी में आयोजित की गई थी। अनुच्छेद 370 को निरस्त करने और तत्कालीन राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू और कश्मीर और लद्दाख में विभाजित करने के बाद कश्मीर में यह पहली अंतरराष्ट्रीय बैठक हो रही है।
