नेपाल की यात्रा पर आए भारतीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली से शिष्टाचार भेंट की। बंगाल की खाड़ी बहुक्षेत्रीय तकनीकी एवं आर्थिक सहयोग पहल (बिम्सटेक) के कृषि मंत्रियों की बैठक के लिए नेपाल आए मंत्री चौहान ने प्रधानमंत्री आवास, बलुवाटार में प्रधानमंत्री ओली से मुलाकात की। नेपाल और भारत के बीच पारंपरिक संबंधों के आयामों पर चर्चा करते हुए मंत्री चौहान ने इस बात पर जोर दिया कि दोनों देशों को कृषि आधुनिकीकरण, खाद्य सुरक्षा और आर्थिक विकास के लिए मिलकर काम करना चाहिए।
मंत्री चौहान ने कहा कि द्विपक्षीय समझौतों और संयुक्त कार्यसमूहों को तेजी से आगे बढ़ाया जाना चाहिए और वे महत्वपूर्ण मुद्दों पर समान चिंता के साथ गतिशील रूप से काम करने के लिए तैयार हैं, विवाद के छोटे-मोटे मुद्दों को छोड़कर। उन्होंने उल्लेख किया कि हाल ही में थाईलैंड के बैंकॉक में प्रधानमंत्री ओली और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच हुई बैठक ने दोनों देशों के बीच एक आशाजनक भविष्य की रूपरेखा तैयार की है।
प्रधानमंत्री ओली ने भी यही विचार व्यक्त किया कि चूंकि कृषि मानव जीवन को बचाने और उद्यमिता को विकसित करने के लिए सबसे महत्वपूर्ण क्षेत्र है, इसलिए दोनों पड़ोसियों को इसके आधुनिकीकरण सहित आर्थिक विकास के लिए एक साथ आगे बढ़ना चाहिए। प्रधानमंत्री ओली ने याद दिलाया कि थाईलैंड में भारतीय प्रधानमंत्री मोदी के साथ बैठक ने विश्वास का माहौल बनाया है और अब यह केवल इतिहास या भावना के आधार पर नहीं बल्कि आर्थिक विकास के लिए एक साथ आगे बढ़ने का मामला है। उन्होंने बदलते वैश्विक माहौल को समझते हुए और इसके नकारात्मक प्रभावों पर ध्यान देते हुए राष्ट्रीय, क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय हितों के लिए एकजुट होने की आवश्यकता पर जोर दिया।
बैठक में प्रधानमंत्री के मुख्य सलाहकार बिष्णु प्रसाद रिमल, नेपाल में भारतीय राजदूत नवीन श्रीवास्तव और अन्य लोग शामिल हुए।
