दुनिया भर के नेताओं ने जम्मू-कश्मीर में कल हुए आतंकवादी हमले की निंदा की है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फोन करके निर्दोष लोगों की मौत पर गहरी संवेदना व्यक्त की और हमलावरों को न्याय के कटघरे में लाने में अमेरिका की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। विदेश मंत्रालय ने इस बात पर जोर दिया कि दोनों देश आतंकवाद के खिलाफ एकजुट हैं।
इससे पहले व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा कि ट्रंप को हमले के बारे में जानकारी दे दी गई है। उन्होंने हमले को क्रूर बताया और वैश्विक शांति और सुरक्षा के लिए अमेरिका की प्रतिबद्धता की पुष्टि की।
अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, जो इस समय अपने परिवार के साथ भारत में हैं, ने भी हमले पर दुख व्यक्त करते हुए इसे दिल दहला देने वाला बताया। अमेरिकी विदेश विभाग ने हमले को अनुचित करार देते हुए भारत और पीड़ित परिवारों के साथ एकजुटता की पुष्टि की।
राष्ट्रपति ट्रंप ने भी ट्रुथ सोशल पर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं और अपना पूरा समर्थन और गहरी सहानुभूति व्यक्त की। उन्होंने लिखा, कश्मीर से आई खबरें बेहद परेशान करने वाली हैं और उन्होंने मारे गए लोगों की आत्मा की शांति और घायलों के स्वस्थ होने की प्रार्थना की।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पहलगाम आतंकवादी हमले में कई पर्यटकों की हत्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपनी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस क्रूर अपराध का कोई औचित्य नहीं है। उन्होंने उम्मीद जताई कि हमले के आयोजकों और अपराधियों को उचित सजा मिलेगी।
यूएई और ईरान ने भी इस आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की है। भारत में ईरान के दूतावास ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में भारत सरकार और लोगों, खासकर पीड़ितों के परिवारों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदना व्यक्त की है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने और अच्छे स्वास्थ्य की कामना की है।
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने जम्मू-कश्मीर में हुए आतंकवादी हमले पर शोक जताया। उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत को इजराइल का समर्थन देने की बात कही। श्री नेतन्याहू ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि पहलगाम में हुए बर्बर आतंकवादी हमले से उन्हें गहरा दुख हुआ है, जिसमें दर्जनों निर्दोष लोग मारे गए और घायल हुए हैं। उन्होंने कहा कि उनकी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं। उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में इजराइल भारत के साथ है।
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने भी आतंकी हमले की निंदा की है। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि वह आतंकी हमले से बेहद दुखी हैं और उन्होंने भारत सरकार और लोगों के साथ एकजुटता व्यक्त की है।
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने भी कश्मीर आतंकी हमले की कड़ी निंदा की है। संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने कहा, श्री गुटेरेस ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि नागरिकों पर हमले किसी भी परिस्थिति में अस्वीकार्य हैं।
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने कश्मीर में हुए आतंकवादी हमले को "अत्यंत विनाशकारी" बताया और कहा कि उनकी संवेदनाएं हमले से प्रभावित लोगों और भारत के लोगों के साथ हैं।
जर्मन चांसलर ओलाफ स्कोल्ज़ ने पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकवादी हमले की निंदा की। उन्होंने भारत के लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की और हमले में घायल हुए सभी लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। स्कोल्ज़ ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में लिखा, "हम पहलगाम में पर्यटकों के खिलाफ हुए जघन्य आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा करते हैं। हमारी संवेदनाएँ पीड़ितों के परिवारों के साथ हैं और हम सभी घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं।
डेनमार्क की प्रधानमंत्री मेटे फ्रेडरिक्सन ने भारत को समर्थन देने की पेशकश की और आतंकवाद के सभी कृत्यों की निंदा की। उन्होंने हमले के पीड़ितों और उनके परिवारों के प्रति संवेदना भी व्यक्त की।
गुयाना के राष्ट्रपति इरफ़ान अली ने कश्मीर में हुए आतंकवादी हमले के बारे में जानकर दुख व्यक्त किया। उन्होंने इस क्रूर हमले की निंदा की और इस बात पर ज़ोर दिया कि "हिंसा का जघन्य कृत्य" चरमपंथ के विनाशकारी प्रभाव की दुखद याद दिलाता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि हमले के पीछे के लोगों को न्याय के कटघरे में लाया जाएगा।
यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने भारत के प्रति यूरोप के समर्थन को व्यक्त किया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भारत की भावना "अटूट" है और इस कठिन परिस्थिति में भी वह मजबूती से खड़ी रहेगी।
आस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज ने जम्मू-कश्मीर में नागरिकों पर हुए आतंकवादी हमले की निंदा की और कहा कि हिंसा का कोई औचित्य नहीं है।
न्यूजीलैंड के विदेश मंत्री विंस्टन पीटर्स ने कश्मीर में आतंकवादी हमले की निंदा की और इस कठिन समय में भारत को समर्थन की पेशकश की।
भारत स्थित यूक्रेनी दूतावास ने पहलगाम में पर्यटकों पर हुए हमले पर चिंता व्यक्त की और कहा कि अपराधियों को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।
