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सीबीआई ने रंगदारी मामले में समीर वानखेड़े से पांच घंटे तक की पूछताछ

Date : 21-May-2023

 
मुंबई 21 मई । मुंबई नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) के पूर्व क्षेत्रीय निदेशक समीर वानखेड़े से रंगदारी मामले और आय से अधिक संपत्ति मामले में सेंट्रल इंवेस्टिगेशन ब्यूरो(सीबीआई) ने रविवार को तकरीबन पांच घंटे तक पूछताछ की। जांच के बाद समीर वानखेड़े मीडिया से बिना बात किए अपने घर चले गए। सीबीआई की टीम समीर वानखेड़े से की गई पूछताछ का ब्योरा सोमवार को बाम्बे हाईकोर्ट में पेश करने वाली है।



जानकारी के अनुसार फिल्म अभिनेता शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान पर मामला दर्ज न करने के ऐवज में 25 करोड़ की रंगदारी मांगने , महंगी घड़ी, आय से अधिक संपत्ति , शाहरुख खान से कितनी बार बात की, मुलाकात की और विदेश दौरे आदि के संबंध में सीबीआई समीर वानखेड़े से पिछले दो दिनों से लगातार पूछताछ कर रही है। शनिवार को सीबीआई ने समीर वानखेड़े से साढ़े चार घंटे पूछताछ की थी और आज लगातार दूसरे दिन पांच घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई। दोनों दिन पूछताछ के समय सीबीआई की टीम ने समीर वानखेड़े को भोजन करने के लिए समय दिया था। रविवार को समीर वानखेड़े सीबीआई जांच के लिए जाने से पहले प्रभादेवी में स्थित सिद्धिविनायक मंदिर में दर्शन किया था , उसके बाद सीबीआई दफ्तर में प्रवेश करते समय मीडिया से कहा था कि उन्हें कोर्ट में विश्वास है, सत्यमेव जयते, लेकिन सीबीआई पूछताछ के बाद मीडिया से बिना बातचीत किए समीर वानखेड़े अपने घर चले गए थे।



उल्लेखनीय है कि समीर वानखेड़े की टीम ने दो अक्टूबर 2021 को मुंबई से गोवा जा रहे द कर्डिलिया क्रूज शिप पर छापा मारा था। इसके बाद समीर वानखेड़े की टीम ने फिल्म अभिनेता शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान को गिरफ्तार किया था। हालांकि आर्यन खान के पास ड्रग न मिलने की वजह से तीन सप्ताह बाद आर्यन को जमानत मिल गई थी। उस समय समीर वानखेड़े की टीम पर आर्यन खान को गिरफ्तारी से बचाने के लिए 25 करोड़ रुपये की रिश्वत मागने का आरोप लगाया गया था। इस आरोप के बाद एनसीबी ने एसआईटी का गठन किया था और सारे आरोपों की जांच की गई थी। एनसीबी एसआईटी की जांच रिपोर्ट के आधार पर सीबीआई ने भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत रिश्वतखोरी से संबंधित प्रावधानों के अलावा कथित आपराधिक साजिश और जबरन वसूली की जांच के लिए 11 मई को समीर वानखेड़े और चार अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया। इस मामले को रद्द किए जाने के लिए समीर वानखेड़े ने बाम्बे हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की , लेकिन कोर्ट ने समीर वानखेड़े को जांच का सामना करने और सीबीआई को 22 मई तक समीर वानखेड़े के खिलाफ गिरफ्तारी जैसी कोई "जबरदस्त कार्रवाई" नहीं करने का निर्देश दिया था। साथ ही हाईकोर्ट ने सीबीआई और एनसीबी को इस संबंध में जवाब दाखिल करने का भी आदेश दिया है। इसी वजह से सीबीआई सोमवार को समीर वानखेड़े के विरुद्ध की गई जांच की रिपोर्ट पेश करेगी।


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