प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस महीने के अंत में दो महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय दौरों पर रवाना होंगे। वह 29 से 30 अगस्त 2025 तक जापान की यात्रा करेंगे, जहां वे 15वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह उनकी जापान की आठवीं यात्रा होगी और जापान के प्रधानमंत्री शिगेरु इशिबा के साथ उनकी पहली द्विपक्षीय बैठक होगी।
इस यात्रा के दौरान दोनों नेता भारत-जापान विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी की समीक्षा करेंगे। इसमें रक्षा और सुरक्षा, व्यापार और निवेश, प्रौद्योगिकी, नवाचार, और क्षेत्रीय व वैश्विक मुद्दे शामिल होंगे। यह वार्ता दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत बनाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।
यात्रा के दूसरे चरण में प्रधानमंत्री मोदी 31 अगस्त से 1 सितंबर तक चीन के तियानजिन में आयोजित होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। इस दौरान उनकी कई सदस्य देशों के नेताओं से द्विपक्षीय बैठकें होने की संभावना है।
भारत 2017 से एससीओ का पूर्ण सदस्य है और इस मंच का उपयोग क्षेत्रीय सुरक्षा, आतंकवाद विरोधी सहयोग, आर्थिक साझेदारी और बहुपक्षीय संवाद को आगे बढ़ाने के लिए करता है।
प्रधानमंत्री की यह दोहरी यात्रा वैश्विक मंच पर भारत की सक्रिय भूमिका और रणनीतिक साझेदारियों को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक पहल मानी जा रही है।
