मुंबई, 02 फरवरी । मुंबई नगर निगम शिवसेना गट राकांपा के साथ मिलकर अपने पक्ष का सोमवार को अलग पंजीकरण कराएगा। इससे मुंबई नगर निगम में शिवसेना और राकांपा के कुल ३२ पार्षदों का एकसाथ पंजीकरण होगा। जबकि भाजपा के 89 पार्षद हैं। शिंदे गट मुंबई नगर निगम में भाजपा के साथ ही रहने वाला है। इससे मुंबई नगर निगम में भाजपा गठबंधन की कुल संख्या 121 हो जाएगी।
मुंबई नगर निगम सूत्रों ने बतायाकि मुंबई नगर निगम में भाजपा और शिंदे गट की शिवसेना ने मिलकर कुल 118 सीटें जीती हैं। इनमें बीजेपी को 89 और शिंदे सेना को 29 सीटें मिली हैं। हालांकि, दोनों दलों के पार्षदों का औपचारिक गट पंजीकरण अभी बाकी है, जिससे राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। किसकी होगी मनपा की रेस में एक ओर जहां भाजपा चाहती थी कि मुंबई महानगरपालिका में बीजेपी और शिंदे सेना का एक ही संयुक्त गट बने। दरअसल, पहले पार्टी का तर्क था कि एकजुट गट होने से स्थायी समिति और अन्य अहम समितियों में महायुति को ज्यादा ताकत मिलेगी, लेकिन शिंदे गट की शिवसेना ने अपने स्वतंत्र अस्तित्व को बनाए रखने पर जोर दिया और अलग गुट पंजीकरण की मांग पर कायम रही।
लेकिन, अब यह साफ हो गया है कि बीजेपी और शिंदे सेना के दो अलग-अलग गट बनाए जाएंगे और उनका पंजीकरण भी अलग-अलग होगा। इस प्रक्रिया के लिए नवी मुंबई स्थित कोकण भवन में कल गट पंजीकरण किया जाएगा।
वहीं दूसरी ओर, मुंबई नगर निगम में विपक्ष ने भी अच्छा प्रदर्शन किया है। उद्धव ठाकरे गट की शिवसेना (यूबीटी) को 65 सीटें मिली हैं, जबकि कांग्रेस ने 24 सीटों पर जीत हासिल की है। मुंबई नगर निगम में बहुमत का आंकड़ा 114 है, जिसे महायुति पहले ही पार कर चुकी है। गौरतलब है कि बीजेपी का मानना था कि यदि बीजेपी और शिंदे सेना एक ही गटके रूप में पंजीकृत होतीं, तो समितियों में उनका प्रभाव और बढ़ जाता। लेकिन शिंदे सेना ने स्वतंत्र गटपंजीकरण पर अडिग रहते हुए एनसीपी के समर्थन से अपनी स्थिति और मजबूत कर ली है।
