अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हार्वर्ड विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले विदेशी छात्रों के लिए छात्र वीज़ा को छह महीने के लिए अस्थायी रूप से निलंबित करने संबंधी एक घोषणापत्र पर हस्ताक्षर किए हैं। इस निलंबन को आवश्यकता पड़ने पर आगे बढ़ाया भी जा सकता है।
राष्ट्रपति की इस घोषणा के तहत अमेरिकी विदेश विभाग को यह निर्देश दिया गया है कि वह हार्वर्ड विश्वविद्यालय के मौजूदा छात्रों के अकादमिक और विनिमय वीज़ा की समीक्षा करे और आवश्यकतानुसार उन्हें रद्द करने पर विचार करे, यदि वे नए मानदंडों का उल्लंघन करते पाए जाएं।
इस कदम पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए हार्वर्ड विश्वविद्यालय ने इसे "अवैध और प्रतिशोधात्मक" करार दिया है। विश्वविद्यालय ने बयान जारी कर कहा कि यह न केवल हार्वर्ड के प्रथम संशोधन (First Amendment) अधिकारों का उल्लंघन है, बल्कि ट्रंप प्रशासन की ओर से अंतरराष्ट्रीय छात्रों को निशाना बनाने का एक और प्रयास है। हार्वर्ड ने यह भी स्पष्ट किया कि वह अपने विदेशी छात्रों की सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठाता रहेगा।
यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब ट्रंप प्रशासन पहले ही हार्वर्ड को दिए जाने वाले अरबों डॉलर के अनुदानों और अन्य वित्तीय सहायता पर रोक लगाने और विश्वविद्यालय की कर-मुक्त स्थिति को समाप्त करने के प्रस्तावों के कारण पहले से ही कानूनी चुनौतियों का सामना कर रहा है।
