आगरा , 08 अप्रैल। संविधान निर्माता बाबा साहब डा0भीमराव अंबेडकर की 135 वीं जयंती पर उत्तर भारत की ऐतिहासिक शोभायात्राओं में से एक आगरा की शोभायात्रा 14 अप्रैल को परंपरागत रूप से निकाली जाएगी । इस यात्रा के बाद तीन दिवसीय भीम नगरी का भव्य आयोजन किया जाएगा। इसमें कई सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रम होंगे। इसके लिये थाना शाहगंज क्षेत्र अंतर्गत गयासपुरा में मुख्य कार्यक्रम का मंच जीआईसी मैदान में तैयारियां शुरु हाे गयीं। कार्यक्रम के दाैरान यातायात बदला रहेगा।
डा0भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती के अवसर पर आगरा में प्रतिवर्ष की भांति निकाली जाने वाली परंपरागत शोभा यात्रा 14 अप्रैल को थाना क्षेत्र मंटोला अंतर्गत काजीपाड़ा से शुरू होगी। शोभा यात्रा का शुभारंभ परंपरागत रूप से जिलाधिकारी एवं पुलिस आयुक्त द्वारा किया जाएगा। यह यात्रा 14 अप्रैल को सांय नाला काजीपाड़ा से चक्की पाट, बिजली घर, जोहरी बाजार, रावतपाड़ा, जामा मस्जिद,पीपल मंडी, काला महल,गुडरी मंसूर खान, घटिया आजम खान, सेब का बाजार और 12 चौक कोतवाली रिंग की मंडी सदर भट्टी एमजी रोड से होकर ईदगाह, नामनेर, जिला अस्पताल होती हुई सुभाष पार्क से पंचकुइयां होकर 15 अप्रैल को सुबह (भीम नगरी) जीआईसी मैदान पहुंचेगी। शोभायात्रा में सम्मिलित होने के लिए तीन हाथी निकाले जाते हैं, शोभा यात्रा का पहला हाथी अंबेडकर भवन नाला काजीपाड़ा से निकलेगा दूसरा हाथी मरहमपुलिया बस्ती नाल काजीपाड़ा से, और तीसरा हाथी केंद्रीय आयोजब समिति की ओर से अंबेडकर पार्क बिजली घर से निकला जाएगा। ये तीनों हाथी सांय 6 बजे शोभायात्रा के उद्गम स्थल शिव कंचन होटल चक्की पाट बाजार में एकत्रित होंगे। पहले यह असली हाथी होते थे, लेकिन वर्तमान में लकड़ी के हाथियों को रखा जाता है।
सम्राट अशोक के महल की कल्पना पर आधारित है इस वर्ष का भीम नगरी मंच
भीम नगरी आयोजन समिति की केंद्रीय कमेटी के अध्यक्ष धर्मेंद्र सोनी ने बताया कि इस वर्ष भीम नगरी में मुख्य मंच भगवान बुद्ध के संदेशों को दुनिया भर में पहुंचने वाले सम्राट अशोक के महल की तर्ज पर निर्मित किया जा रहा है। इसके निर्माण में कोलकाता से आए 80 से ज्यादा कारीगर लगे हुए हैं । यह महल 100 फीट ऊंचा 300 फीट चौड़ा बनाया जा रहा है । महल के टॉप पर पंचशील का झंडा राष्ट्रध्वज के साथ फहराया जाएगा। महल के सामने एक मुख्य कार्यक्रम मंच तैयार किया जा रहा है, जो 200 फीट लंबा 70 फीट चौड़ा और 6 फीट ऊंचा होगा,जहां से मुख्य अतिथि और गणमान्य व्यक्तियों के संबोधन के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। भीम नगरी आयोजन समिति के संरक्षक करतार सिंह भारतीय एडवोकेट ने बताया के 15 अप्रैल को सांय काल भीम नगरी का उद्घाटन होगा और इसी दिन भगवान बुद्ध और डा0अंबेडकर के जीवन आदर्शो पर प्रकाश डाला जाएगा। 16 अप्रैल को 101 जोड़ों का सामूहिक विवाह कार्यक्रम है जिसके लिए पंजीकरण चल रहे हैं। इसके अगले दिन 17 अप्रैल को मेधावी छात्र-छात्राओं के सम्मान और वर्ष 2027 के लिए भीम नगरी के आयोजन स्थल के लिए घोषणा की जाएगी।
1957 से निकल रही है आगरा में शोभायात्रा
डाॅक्टर अंबेडकर के अनुयायियों में बाबा साहेब के प्रति अटूट आस्था की प्रतीक यह शोभा यात्रा परंपरा के रूप में वर्ष 1957 से चली आ रही है। 1996 से इसमें आगरा की राम बारात की तर्ज पर 'भीमनगरी' कार्यक्रम और जोड़ा गया।
