कोलंबो, 11 मार्च । श्रीलंका के पास समुद्र में अमेरिकी टारपीडो से डुबोए गए ईरानी जहाज 'डेना' के 84 नाविकों के शव उनके देश भेजने का रास्ता साफ हो गया। यह शव चार मार्च से श्रीलंका के गाले नेशनल अस्पताल में रखे हुए हैं। गाले की चीफ मजिस्ट्रेट समीरा डोडांगोडा ने आज गाले नेशनल हॉस्पिटल के निदेशक को आदेश दिया कि वे हॉस्पिटल में रखे गए 84 ईरानी नाविकों के शव श्रीलंका में ईरान एंबेसी के अधिकारियों को सौंप दें।
श्रीलंका के अखबार डेली मिरर की रिपोर्ट के अनुसार स्थानीय समयानुसार यह आदेश आज सुबह 11 जारी किया गया। गाले पोर्ट पुलिस ने कोर्ट से इसका आग्रह किया था। सभी शवों को फिलहाल हॉस्पिटल कैंपस में दो मोबाइल कोल्ड स्टोरेज यूनिट में रखा गया है। श्रीलंका के अधिकारियों ने इनके शव देश के दक्षिणी तट के पास अमेरिकी पनडुब्बी हमले के बाद डूबे एक ईरानी नौसैन्य जहाज से बरामद किए थे।
श्रीलंका की इस घोषणा के बाद अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा था कि एक अमेरिकी पनडुब्बी ने अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में एक ईरानी युद्धपोत 'डेना' को डुबो दिया है। उन्होंने कहा था कि यह द्वितीय विश्व युद्ध के बाद से टॉरपीडो से दुश्मन के जहाज को डुबोने की पहली घटना है। यह जहाज हाल ही में भारत में आयोजित अंतरराष्ट्रीय नौसैन्य अभ्यास में शामिल हुआ था।
