तेहरान/तेल अवीव/ वाशिंगटन, 07 अप्रैल । अमेरिका-इजराइल का ईरान के खिलाफ 28 फरवरी को शुरू किया एकीकृत सैन्य अभियान दिन गुजरने के साथ-साथ डरावना होता जा रहा है। ईरान ने दुश्मन देशों और उनके सहयोगियों पर हमले शुरू कर दिए हैं। यह युद्ध आज सुबह 39वें दिन में प्रवेश कर गया। इजराइल ने मंगलवार को सवेरा होने से पहले ईरान के कई शहरों पर भीषण हमले किए हैं। इस बीच जैसे-जैसे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की होर्मुज को खोलने की समय सीमा नजदीक आ रही है, वैसे-वैसे मध्य पूर्व में भय का वातावरण घर कर रहा है। ईरान कह चुका है कि उसे ट्रंप की चेतावनी की परवाह नहीं। अगर उसके पुलों और बिजली संयंत्रों को ट्रंप ने निशाना बनाया तो वह भी वैसा ही जवाब देगा।
द टाइम्स ऑफ इजराइल, सीबीएस न्यूज और अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, इजराइल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) ने मंगलवार को स्थानीय समयानुसार तड़के बताया कि उसने राजधानी तेहरान और ईरान के अन्य हिस्सों में बड़े पैमाने पर हमले किए हैं। इससे कुछ घंटे पहले इजराइल की सेना ने अपने लक्ष्यों की सूची जारी की। इनमें इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के कई ठिकाने, मिसाइल साइटें और पेट्रो केमिकल संयंत्र शामिल थे। आईडीएफ ने दावा किया कि इन्हीं लक्ष्यों पर मिसाइलों, रॉकेट और ड्रोन से हमला किया गया।
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि तेहरान के अलावा राजधानी के पश्चिमी उपनगर करज में जोरदार धमाके हुए हैं। एक जोरदार धमाका मेहराबाद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के आसपास हुआ है। इस हवाई अड्डे के पास शायद ही कोई दिन ऐसा हो जब हमला न हुआ हो। उधर, सोमवार को पूरे दिन ईरान भर में हुए अमेरिका-इजराइल के हमलों में कम से कम 34 लोग मारे गए, जबकि ईरानी मिसाइलों और ड्रोन ने खाड़ी देशों में मौजूद अहम ठिकानों को निशाना बनाना जारी रखा।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फिर चेतावनी दी है कि अगर मंगलवार की समय सीमा तक होर्मुज जलडमरूमध्य पूरी तरह से नहीं खोला गया तो उसके कुछ ही घंटों के भीतर ईरान के बिजली संयंत्र और पुलों को पूरी तरह से तबाह कर दिया जाएगा। ट्रंप की चेतावनी के बीच व्हाइट हाउस ने सोमवार को एक बयान में चेतावनी दी कि "अगर ईरान बातचीत में गंभीरता से शामिल होने में नाकाम रहता है, तो कल रात उसे पाषाण युग में भेज दिया जाएगा।" व्हाइट हाउस की मुख्य उप प्रेस सचिव अन्ना केली ने कहा कि ट्रंप की राष्ट्रीय सुरक्षा टीम में उप राष्ट्रपति जेडी वेंस, विदेशमंत्री मार्को रूबियो, विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और राष्ट्रपति के दामाद जेरेड कुशनर शामिल हैं। इस टीम ने बातचीत शुरू करने की पहल की है।
