भारत ने ऐतिहासिक गाजा समझौते को हासिल करने में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की भूमिका की सराहना की है और कहा है कि इस पहल ने क्षेत्र में शांति के प्रयासों को गति दी है। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पी. हरीश ने कहा कि अमेरिका की इस पहल ने कूटनीतिक प्रक्रिया में तेजी लाने का काम किया है और सभी पक्षों को अपने दायित्वों का पालन करना चाहिए।
पश्चिम एशिया पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बहस में श्री हरीश ने बताया कि भारत इस समझौते में योगदान के लिए अमेरिका और विशेष रूप से राष्ट्रपति ट्रंप की प्रशंसा करता है। उन्होंने कहा कि भारत ने 13 अक्टूबर को मिस्र के शर्म अल-शेख में आयोजित गाजा शांति शिखर सम्मेलन में भाग लिया और समझौते पर हस्ताक्षर का स्वागत किया। हालांकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आमंत्रित किया गया था, लेकिन भारत का प्रतिनिधित्व विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने किया।
श्री हरीश ने मिस्र और कतर की भी सराहना की, जिन्होंने इजरायल और हमास के बीच वार्ता में मध्यस्थ की भूमिका निभाते हुए शांति समझौते को संभव बनाने में योगदान दिया।
