राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन-एनडीए के सभी घटक दलों ने संकल्प लिया है कि एनडीए अगला लोकसभा चुनाव प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में एकजुट होकर लडेगी। गठबंधन के सभी दलों ने श्री मोदी के नेतृत्व में पूर्ण विश्वास व्यक्त किया और 2024 के चुनावों में 2019 की तुलना में अधिक सीटें जीतने का संकल्प लिया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में एनडीए की बैठक कल नई दिल्ली में हुई जिसमें 39 दलों ने हिस्सा लिया। यह बैठक एनडीए की स्थापना के 25 वर्ष पूरा होने के अवसर पर आयोजित की गई थी। बैठक में प्रस्ताव पारित किया गया कि पिछले नौ वर्षों में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए सरकार ने सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण की कल्पना को अच्छी भावना के साथ साकार किया है। शिवसेना अध्यक्ष और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने बैठक में इस संकल्प का प्रस्ताव किया। इसमें कहा गया है कि एनडीए सरकार के कार्यकाल के दौरान देश विकास की नई ऊंचाई पर पहुंचा है। इसमें सुशासन की यात्रा का उल्लेख किया गया जिसमें कहा गया है कि सभी वर्गों, क्षेत्रों और समुदायों की भागीदारी से चहुंमुखी विकास हुआ है। प्रस्ताव में कहा गया है कि एनडीए अपने स्वरूप में ही
'एक भारत, अखंड भारत' का अग्रणी प्रतिनिधि है।
प्रस्ताव में कहा गया है कि एनडीए गठबंधन ने 25 वर्ष पूरे कर लिये हैं और इन वर्षों में एनडीए ने सुशासन का रिकॉर्ड स्थापित किया है और जब भी एनडीए सत्ता में रही है, इस गठबंधन ने जन कल्याण की दिशा में एक राष्ट्र की भावना के साथ काम किया है। ये भी कहा गया है कि चाहे 1998 से 2004 तक अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार रही हो या 2014 से नरेन्द्र मोदी की सरकार हो, एनडीए सरकार ने क्षेत्रीय आकांक्षाओं का सम्मान करते हुए राष्ट्र निर्माण के लिए हमेशा कार्य किया है। इसमें कहा गया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करना, सुशासन स्थापित करना, बुनियादी ढांचे का विकास, गरीबों और वंचित लोगों के जीवन स्तर में सुधार और वैश्विक मंच पर भारत का कद बढ़ाना एनडीए सरकार के प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में से एक रहा है।
प्रस्ताव में कहा गया है कि पिछले नौ वर्षों में, एनडीए सरकार ने समावेशी भावना के साथ काम किया है और मोदी सरकार अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़े वर्गों, महिलाओं और समाज में आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के सामाजिक और आर्थिक उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है। इसमें उल्लेख किया गया है कि श्री मोदी के नेतृत्व में, भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था के नए शक्ति केंद्र के रूप में उभरने के अलावा पांच ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से बढ़ रहा है। इसमें कहा गया है कि भारत रक्षा और राष्ट्रीय सुरक्षा के क्षेत्र में तेजी से आत्मनिर्भर हो रहा है। पिछले नौ वर्षों में भारत ने अपने सीमा सुरक्षा ढांचे को मजबूत किया है और सैन्य उपकरणों के निर्माण में एक मजबूत राष्ट्र के रूप में उभर रहा है। इसमें कहा गया है कि आतंकवाद और नक्सलवाद के खिलाफ कतई बर्दाश्त न करने की नीति के साथ ही भारत शांति का भी प्रतीक है।
कोविड महामारी के खिलाफ लड़ाई में भारत ने अपनी प्रतिभा और आत्मनिर्भर क्षमताओं का इस्तेमाल किया और दुनिया ने इस महामारी के खिलाफ भारत के नेतृत्व को स्वीकार किया तथा उसकी सराहना भी की। प्रस्ताव में सहयोगी दलों ने कहा कि 2014 के लोकसभा चुनाव में एनडीए को जनता से जो समर्थन मिला, वह 2019 के चुनाव में कई गुना बढ़ गया। इसमें कहा गया है कि विपक्षी दलों के झूठ, अफवाह और बेबुनियाद आरोपों को खारिज करते हुए जनता एनडीए गठबंधन के नेतृत्व पर भरोसा जता रही है। प्रस्ताव में कहा गया, विपक्ष के सामने पहचान और प्रासंगिकता का संकट है साथ ही विपक्ष आज भ्रमित और भटका हुआ है। एनडीए के सहयोगियों ने श्री मोदी को उनकी प्रतिबद्धता, समर्पण, अथक परिश्रम और निस्वार्थ समर्पण के जरिये भारत को अभूतपूर्व विकास के पथ पर आगे बढ़ाने के लिए सराहना की। एनडीए के घटक दलों ने सर्वसम्मति से कहा कि इस विकास यात्रा के भागीदार के रूप में श्री मोदी के साथ हम एक हैं, एकजुट हैं और सर्वसम्मत हैं।
