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हिमाचल के मंडी और कुल्लू में फ्लैश फ्लड से भारी नुकसान, शिमला-मंडी सड़क धंसी

Date : 17-Aug-2025

शिमला, 17 अगस्त । हिमाचल प्रदेश में मॉनसून का कहर लगातार जारी है। मंडी और कुल्लू जिलों में भारी बारिश और फ्लैश फ्लड की घटनाओं ने हालात बिगाड़ दिए हैं। मौसम विभाग ने आगामी 19 अगस्त तक राज्य के कई स्थानों पर भारी वर्षा का येलो अलर्ट जारी किया है। आम लोगों से सतर्कता बरतने और नदी-नालों से दूर रहने की अपील की गई है।


आपदा की मार झेल रहे मंडी जिला में एक बार फिर फ्लैश फ्लड ने भारी नुकसान पहुंचाया। औट थाना क्षेत्र के पनारसा, टकोली और नगवाई इलाक़ों में अचानक आए सैलाब से बाजारों में मलबा भर गया और कई दुकानों व घरों को भारी नुकसान हुआ। नाले में आई बाढ़ ने पनारसा में कोहराम मचाया है। इस फ़्लैश फ्लड से मंडी–कुल्लू राष्ट्रीय राजमार्ग भी बंद हो गया है, जिससे राहत व बचाव दलों को मौके पर पहुंचने में कठिनाई पेश आ रही है।

पुलिस कंट्रोल रूम मंडी के अनुसार अभी तक जनहानि की सूचना नहीं है। प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दी है।

वहीं, टकोली क्षेत्र में आये सैलाब के बाद पंडोह बांध प्रबंधन ने जानकारी दी है कि व्यास नदी में पानी की आवक के आधार पर अतिरिक्त पानी छोड़ा जाएगा। ऐसे में आम जनता, पर्यटकों और कामगारों को व्यास नदी के किनारे से सुरक्षित दूरी बनाने की कड़ी सलाह दी गई है।

गौरतलब है कि इससे पहले 30 जून की रात मंडी जिले में 12 जगह बादल फटने से भारी जनहानि हो चुकी है।

उधर, कुल्लू जिला में भी रातभर हुई भारी बारिश ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं। दोहरानाला इलाके में मौहल खड्ड में बाढ़ आने से तबाही हुई है। पिरडी नाले से निकला मलबा और कीचड़ सड़क पर आ जाने से कुल्लू–भुंतर मार्ग अवरुद्ध हो गया है। वहीं, एक कार और एक बाइक मलबे में बह गई, जबकि कई किसानों की जमीनें और फसलें बर्बाद हो गईं। भुंतर इलाके में खोखन नाले का पानी बाजार में घुस गया, जिससे दुकानदार परेशान हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी-नालों से दूर रहें।

उधर, किन्नौर जिले में भी बारिश का दौर जारी है। एनएच–5 पर रनांग नाला, टिंकू नाला और मालिंग नाला में मलबा आने से यातायात बाधित है। टिंकू नाला पर सिर्फ आपात स्थिति में ही छोटे वाहनों को निकाला जा रहा है।

इस बीच, शिमला–मंडी राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी खतरा बढ़ गया है। शनिवार रात सतलुज नदी के कटाव से तत्तापानी के पास सड़क का लगातार धंसना जारी है और अब सड़क की चौड़ाई घटकर महज 4.20 मीटर रह गई है। इससे यातायात प्रभावित हुआ है और प्रशासन ने यात्रियों को सावधानी बरतने को कहा है।


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