शिमला, 11 मई । हिमाचल प्रदेश में मई महीने में भी मौसम के तीखे तेवर जारी हैं। प्रदेश के कई हिस्सों में बीती रात तेज आंधी, गरज-चमक और बारिश हुई। इससे ख़ासतौर पर पहाड़ी इलाकों में मौसम सर्द हो गया और कई जगह जनजीवन भी प्रभावित हुआ।
शिमला, हमीरपुर, चंबा, कांगड़ा, बिलासपुर और ऊना जिलों में आधी रात के दौरान तेज हवाएं चलीं और कई जगह बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। कई क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश का दौर सोमवार को भी जारी रहा।
उधर, राज्य की ऊंची पर्वत श्रृंखलाओं में हल्की बर्फबारी होने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। शिमला, मनाली और अन्य पहाड़ी इलाकों में मई के महीने में भी लोगों को ठंड का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर लोग गर्म कपड़ों में नजर आए। मौसम के इस बदले मिजाज से प्रदेश के अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य से नीचे चल रहे हैं और निचले व मैदानी क्षेत्रों में भी हीटवेव का असर नहीं दिख रहा।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने प्रदेश में 15 मई तक बारिश, आंधी और बिजली चमकने का अलर्ट जारी किया है, जबकि 17 मई तक मौसम खराब बने रहने का अनुमान जताया गया है। विभाग के अनुसार आज 11 और कल 12 मई को कई इलाकों में भारी बारिश, ओलावृष्टि और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इन दो दिनों के लिए येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं 13, 14 और 15 मई को भी बारिश, अंधड़ और बिजली चमकने का येलो अलर्ट रहेगा। इस दौरान भी कई जगह तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। 16 और 17 मई को भी मौसम खराब रहेगा, हालांकि इन दिनों के लिए कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है।
बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। गुलेर और पंडोह में सबसे अधिक 41-41 मिलीमीटर बारिश हुई। इसके अलावा कांगड़ा में 32 मिमी, सराहन में 30 मिमी, जोगेंद्रनगर में 29 मिमी, घुमारवीं में 27 मिमी, भुंतर और पालमपुर में 25-25 मिमी, भरेड़ी में 24 मिमी, मंडी में 22 मिमी, खदराला में 20 मिमी और देहरा गोपीपुर में 18 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। शिमला, सुंदरनगर, जोत, कांगड़ा, भुंतर, मुरारी देवी और जुब्बड़हट्टी में बिजली चमकने की घटनाएं भी सामने आईं, हालांकि किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं है। सुंदरनगर, सियोबाग और बिलासपुर में 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चली।
मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को प्रदेश के औसत न्यूनतम तापमान में 0.2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। शिमला में न्यूनतम तापमान 15.8 डिग्री, सुंदरनगर में 17.3, भुंतर में 15.1, कल्पा में 8, धर्मशाला में 10.9, ऊना में 18.6, नाहन में 16.5, केलांग में 4, पालमपुर में 14, सोलन में 16, मनाली में 11.6, कांगड़ा में 17.3, मंडी में 17.7 और बिलासपुर में 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कुकुमसेरी में तापमान 6.9 डिग्री और कुफरी में 8.6 डिग्री रिकॉर्ड हुआ।
मई महीने में लगातार हो रही बेमौसमी बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों और बागवानों की चिंता बढ़ा दी है। शिमला, कुल्लू और मंडी जिलों के ऊपरी इलाकों में सेब समेत गुठलीदार फलों को नुकसान पहुंचा है। वहीं निचले और मैदानी इलाकों में गेहूं की कटाई और पिसाई का काम बारिश से प्रभावित हुआ है। कई जगह खेतों में पड़ी गेहूं की फसल भीगने से खराब हो गई है। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।
