कोलकाता, 05 फरवरी । पश्चिम बंगाल में इस वर्ष होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह फरवरी के तीसरे सप्ताह में राज्य के दो दिवसीय दौरे पर आ सकते हैं। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यकारिणी के एक सदस्य ने उक्त जानकारी देते हुए बताया कि गृह मंत्री के 17 फरवरी की रात या 18 फरवरी की सुबह कोलकाता पहुंचने की संभावना है और वे 19 फरवरी को दिल्ली लौट सकते हैं।
हालांकि, जनवरी के अंत में हुए उनके पिछले बंगाल दौरे से यह यात्रा अलग रहने वाली है। उस समय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तर 24 परगना के बैरकपुर और दार्जिलिंग के सिलीगुड़ी में सार्वजनिक रैलियों और पार्टी कार्यकर्ता सम्मेलनों को संबोधित किया था। लेकिन इस बार उनका पूरा फोकस संगठनात्मक और प्रशासनिक बैठकों पर रहने की संभावना है।
राज्य भाजपा समिति के सदस्य ने बताया कि यह संभावित दौरा पश्चिम बंगाल उच्च माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा आयोजित उच्च माध्यमिक परीक्षाओं के समय पड़ रहा है। इसी वजह से गृह मंत्री इस बार किसी भी सार्वजनिक रैली को संबोधित नहीं करेंगे।
सूत्रों के मुताबिक, इस दौरे के दौरान अमित शाह पार्टी की संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा करेंगे और सांसदों व विधायकों सहित शीर्ष नेताओं की भूमिकाएं तय करेंगे। हाल ही में राज्य भाजपा के नए अध्यक्ष नितिन नवीन ने पश्चिम बंगाल से चुने गए पार्टी सांसदों के साथ बैठक की थी, जिसमें उन्होंने सभी सांसदों को अपने-अपने क्षेत्रों पर अधिक ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी थी। माना जा रहा है कि गृह मंत्री इस दिशा में सांसदों और विधायकों को स्पष्ट जिम्मेदारियां सौंप सकते हैं।
इसके अलावा, राज्य की 294 विधानसभा सीटों के लिए उम्मीदवार चयन के मानदंडों को लेकर भी प्रारंभिक चर्चा होने की संभावना जताई जा रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि नए वर्ष की शुरुआत से ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के लगातार पश्चिम बंगाल दौरे इस बात का संकेत हैं कि भाजपा इस बार के विधानसभा चुनावों को लेकर राज्य को बेहद गंभीरता से ले रही है।
गौरतलब है कि जनवरी में प्रधानमंत्री मोदी ने पहले 17 जनवरी को मालदा जिले में और फिर 18 जनवरी को हुगली जिले के सिंगुर में राजनीतिक रैलियों को संबोधित किया था। इसके बाद नितिन नवीन 27 जनवरी से दो दिवसीय दौरे पर बंगाल आए थे और पश्चिम बर्दवान जिले के औद्योगिक शहर दुर्गापुर में एक सार्वजनिक सभा को संबोधित किया था।
