भारत-अमेरिका ने महत्वपूर्ण, दुर्लभ खनिज समझौते पर किए हस्ताक्षर | The Voice TV

Quote :

"अगर आप वो पाना चाहते हैं जो आपने कभी नहीं पाया, तो आपको वो करना होगा जो आपने कभी नहीं किया।" — स्टीव जॉब्स

National

भारत-अमेरिका ने महत्वपूर्ण, दुर्लभ खनिज समझौते पर किए हस्ताक्षर

Date : 26-May-2026

 नई दिल्ली, 26 मई । भारत और अमेरिका ने महत्वपूर्ण एवं दुर्लभ खनिजों की आपूर्ति, खनन और प्रसंस्करण को सुरक्षित बनाने के लिए रणनीतिक समझौते पर मंगलवार को हस्ताक्षर किए। विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने क्वाड बैठक से इतर इस पर हस्ताक्षर किए। इस समझौते के बाद महत्वपूर्ण एवं दुर्लभ खनिजों से देश को चीन से निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी।

विदेश मंत्रालय ने बताया कि इस समझौते के तहत भारत और अमेरिका ने 'जरूरी खनिजों और दुर्लभ तत्वों की खनन और प्रसंस्करण में आपूर्ति सुनिश्चित करने' पर एक ढांचा तैयार किया है। इसका मकसद खनन, प्रसंस्करण, पुनर्चक्रण और उससे जुड़े निवेश सहित महत्वपूर्ण खनिजों और दुर्लभ तत्वों की आपूर्ति शृंखला में भारत‑अमेरिका सहयोग को और गहरा करना है। इसका लक्ष्य मजबूत और विविधीकृत आपूर्ति शृंखला तैयार करना है, साथ ही इन संसाधनों के वित्तपोषण और प्रभावी प्रबंधन में सहयोग को बढ़ावा देना है।

विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह समझौता फरवरी 2025 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के वाशिंगटन दौरे के दौरान तय किए गए विजन को आगे बढ़ाने में एक अहम पड़ाव है। उस समय जारी भारत‑अमेरिका संयुक्त बयान में उभरती प्रौद्योगिकी और उन्नत विनिर्माण के लिए महत्वपूर्ण खनिजों की रणनीतिक अहमियत पर जोर दिया गया था और सुरक्षित आपूर्ति शृंखला को साझा प्राथमिकता बताया गया था।

मंत्रालय ने बताया कि यह ढांचा भारत‑अमेरिका के बीच जारी सहयोग पर आधारित है, जिसका मकसद जरूरी क्षेत्रों में आपूर्ति शृंखला सुरक्षा को मजबूत करना है। इसी साल 20 फरवरी को भारत अमेरिका के नेतृत्व वाले पैक्स सिलिका पहल का हस्ताक्षरकर्ता बना था। इसके अलावा भारत ने 'भारत-अमेरिका कृत्रिम बुद्धिमत्ता अवसर साझेदारी' पर भी संयुक्त बयान जारी किया था।

मंत्रालय ने कहा कि इससे पहले विदेश मंत्री जयशंकर ने 4 फरवरी को वाशिंगटन में विदेश मंत्री रुबियो द्वारा आयोजित महत्वपूर्ण खनिजों पर विदेश मंत्रियों की बैठक में भी हिस्सा लिया था। भारत और अमेरिका फोरम ऑन रिसोर्स जियोस्ट्रेटेजिक एंगेजमेंट (फोर्ज) पहल के तहत भी साझेदारी कर रहे हैं।


RELATED POST

Leave a reply
Click to reload image
Click on the image to reload
Advertisement









Advertisement