सोलन, 02 फ़रवरी । हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले में एचआईवी संक्रमण के मामलों में बढ़ोतरी स्वास्थ्य विभाग और समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही है। बीते कैलेंडर वर्ष के दौरान जिले में एचआईवी पॉजिटिव के करीब 105 नए मामले सामने आए हैं, जिनमें चौंकाने वाली बात यह है कि बड़ी संख्या 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों की है।
सोलन क्षेत्रीय अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय पाठक ने बताया कि अस्पतालों में एचआईवी संक्रमण फैलने की कोई संभावना नहीं होती, क्योंकि रक्त जांच और रक्त चढ़ाने के लिए हर बार नई सिरिंज का प्रयोग किया जाता है। उन्होंने कहा कि नशे की लत में फंसे युवाओं द्वारा एक ही सिरिंज का बार-बार इस्तेमाल किया जाना संक्रमण फैलने का बड़ा कारण बन रहा है, जिससे हेपेटाइटिस और एचआईवी जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
डॉ. पाठक ने बताया कि बद्दी, बरोटीवाला, नालागढ़ और परवाणू जैसे औद्योगिक क्षेत्रों में ट्रक चालकों, प्रवासी मजदूरों और सेक्स वर्करों के बीच भी संक्रमण का जोखिम बना रहता है। इसे देखते हुए एनजीओ और सामाजिक संस्थाओं के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं तथा कंडोम का वितरण किया जा रहा है।
उन्होंने समाज में फैली इस भ्रांति को भी गलत बताया कि किसी विशेष वर्ग के साथ संबंध बनाने से एचआईवी नहीं फैलता। असुरक्षित संबंध किसी के साथ भी संक्रमण का कारण बन सकते हैं। डॉ. पाठक ने युवाओं से नशे से दूर रहने और समय पर स्वास्थ्य जांच करवाने की अपील की।
