काठमांडू, 09 फरवरी । नेपाल की राजधानी काठमांडू में वायु प्रदूषण का स्तर एक बार फिर खतरनाक स्थिति में पहुंच गया। दुनियाभर में वायु प्रदूषण की निगरानी करने वाली स्विस वायु गुणवत्ता प्रौद्योगिकी कंपनी 'आईक्यूएयर' के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, काठमांडू विश्व के 10 सबसे प्रदूषित शहरों की सूची में छठे स्थान पर है।
आज सुबह 10 से 11 बजे के बीच काठमांडू का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई ) 184 दर्ज किया गया है। 150 से ऊपर का एक्यूआई का स्तर अस्वस्थकर माना जाता है। इस कारण काठमांडू की हवा श्वास-प्रश्वास के लिए हानिकारक बन गई है।
आईक्यूएयर की सूची के अनुसार, दुनिया का सबसे प्रदूषित शहर पाकिस्तान का लाहौर है, जहां एक्यूआई 261 दर्ज किया गया है। दूसरे स्थान पर अफगानिस्तान का काबुल (238) और तीसरे स्थान पर भारत की राजधानी नई दिल्ली (220) है। चौथे स्थान पर मंगोलिया का उलानबटोर (198) और पांचवें स्थान पर बांग्लादेश का ढाका (188) है।
शीर्ष 10 प्रदूषित शहरों की सूची में दक्षिण एशियाई शहरों का दबदबा देखने को मिला है, इसमें भारत का कोलकाता (सातवां) और मुंबई (नौवां) शामिल है। प्रदूषण सूची के ठीक विपरीत पुर्तगाल की राजधानी लिस्बन दुनिया का सबसे स्वच्छ हवा वाला शहर बना है। लिस्बन का एक्यूआई केवल 6 दर्ज किया गया है।
नेपाल के विशेषज्ञों ने बच्चों, बुजुर्गों और श्वास-प्रश्वास संबंधी रोगियों को विशेष सतर्कता बरतने तथा घर से बाहर निकलते समय मास्क का प्रयोग करने की सलाह दी है।
