कर्नाटक सरकार का स्पष्टीकरण, संघ के 518 पथ संचलनों में कहीं भी कानून-व्यवस्था नहीं हुई भंग | The Voice TV

Quote :

“स्वयं जैसे हो वैसे ही रहो; बाकी सब तो पहले से ही कोई और बन चुके हैं।” ― ऑस्कर वाइल्ड

National

कर्नाटक सरकार का स्पष्टीकरण, संघ के 518 पथ संचलनों में कहीं भी कानून-व्यवस्था नहीं हुई भंग

Date : 10-Dec-2025

 बेलगाम, 10 दिसंबर । कर्नाटक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के कार्यक्रमों और पथ संचलनों को अनुमति देने पर कांग्रेस नेताओं, विशेषकर मंत्री प्रियांक खरगे की आपत्तियों के बाद राज्य सरकार ने विधानसभा में विस्तृत स्पष्टीकरण प्रस्तुत किया है। सरकार ने स्पष्ट कहा है कि इस वर्ष राज्य में निकाले गए 518 पथ संचलनों में से किसी भी कार्यक्रम से कानून-व्यवस्था की स्थिति पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा।

विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दौरान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक वी. सुनील कुमार की ओर से पूछे गए प्रश्न के लिखित उत्तर में राज्य के गृह मंत्री डॉ. जी. परमेश्वर ने बताया कि इन पथ संचलनों में दो लाख से अधिक स्वयंसेवकों ने भाग लिया, लेकिन इन आयोजनों के दौरान न तो तनाव बढ़ा और न ही किसी प्रकार की सांप्रदायिक अथवा सार्वजनिक अराजकता की स्थिति बनी।

चित्तपुर में आरएसएस के पथ संचलन की अनुमति देने से इनकार करते हुए कलबुर्गी जिला प्रशासन ने कानून-व्यवस्था का हवाला दिया था। हालांकि सरकार ने अब स्पष्ट किया कि किसी भी जिले में आरएसएस कार्यक्रमों के कारण कोई कानून-व्यवस्था की समस्या नहीं हुई।

कलबुर्गी, जो मंत्री प्रियांक खरगे का गृह जिला है, में इस वर्ष 51 पथ संचलन निकाले गए, जिनमें 6-7 हजार स्वयंसेवकों ने भाग लिया। राज्य सरकार के अनुसार, जिलावार पथ संचलनों की संख्या बेंगलुरु शहर में 97, उत्तर कन्नड़ में 45, बीडर में 41, बागलकोट में 33, शिवमोग्गा में 19, विजयपुरा में 18, बेलगाम में 17, तुमकुर, चित्रदुर्ग और चिक्कमगलुरु में 11-11, जबकि दक्षिण कन्नड़, उडुपी और रायचूर में 10-10 रही, लेकिन कहीं भी किसी प्रकार का तनाव नहीं बढ़ा।

सरकार ने सदन में दोहराया कि इतने बड़े पैमाने पर आयोजित कार्यक्रमों के बावजूद राज्य में कहीं भी किसी प्रकार की अशांति या सांप्रदायिक तनाव की सूचना नहीं मिली।


RELATED POST

Leave a reply
Click to reload image
Click on the image to reload
Advertisement









Advertisement