भोपाल, 07 फरवरी । फरवरी के महीने में एक बार फिर ठंड ने मध्य प्रदेश में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है। प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में सर्दी का असर ज्यादा नजर आ रहा है। शुक्रवार रात ग्वालियर और खजुराहो सहित प्रदेश के 11 शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया।
मौसम विभाग के मुताबिक, हाल ही में सक्रिय रहे वेस्टर्न डिस्टरबेंस और साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कारण प्रदेश में बारिश और ओलावृष्टि देखने को मिली थी। कई इलाकों में घना कोहरा भी छाया रहा। सिस्टम के कमजोर पड़ते ही बीते दो दिनों से ठंड का असर और बढ़ गया है। शुक्रवार की रात कटनी का करौंदी क्षेत्र प्रदेश में सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
शहडोल के कल्याणपुर और खजुराहो में पारा 6.6 डिग्री, रीवा में सात डिग्री, राजगढ़ और उमरिया में आठ डिग्री, शाजापुर में 8.1 डिग्री, नौगांव और पचमढ़ी में 8.6 डिग्री, सतना में 9.2 डिग्री, दमोह में 9.5 डिग्री तथा मंडला और सीधी में 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश के पांच बड़े शहरों में ग्वालियर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 8.7 डिग्री रहा। भोपाल में 10.2 डिग्री, इंदौर में 10.9 डिग्री, जबलपुर में 11.6 डिग्री और उज्जैन में 12.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।
प्रदेश में आठ फरवरी को हल्का कोहरा छाए रहने की संभावना है। बारिश का कोई अलर्ट नहीं है, लेकिन ठंड का असर और बढ़ सकता है। जबकि नाै फरवरी को कई जिलों में हल्के से मध्यम कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। इस दिन भी बारिश की संभावना नहीं है। मौसम विभाग का कहना है कि पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में आठ फरवरी से एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय हो रहा है, जिसका असर प्रदेश में भी देखने को मिलेगा। 10 फरवरी से मावठे की शुरुआत होने का अनुमान है। हालांकि अगले चार दिनों तक प्रदेश में बारिश या ओलावृष्टि की संभावना नहीं जताई गई है।
इधर, ग्वालियर में रातें लगातार ठंडी हो रही हैं, जबकि दिन में हल्की गर्मी महसूस की जा रही है। सुबह से धूप खिली रही, लेकिन बर्फीली हवाओं के कारण ठंड का असर बना हुआ है। इंदौर में शनिवार सुबह ठंड ज्यादा महसूस की गई। शहर में हल्का कोहरा छाया रहा और ठंडी हवाओं के चलते सुबह मौसम सर्द रहा। ग्वालियर-चंबल, सागर, रीवा और उज्जैन संभाग के जिलों में हल्के से मध्यम कोहरे का असर देखा गया।
