फतेहाबाद, 05 फरवरी । वीबी-जी राम जी विधेयक को वापस लेने और मनरेगा को उसके मूल स्वरूप में बहाल करने सहित अनेक स्थानीय मुद्दों को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा गुरूवार को फतेहाबाद में डीसी कार्यालय के बाहर धरना देकर रोष प्रदर्शन किया। धरने पर पहुंचे सैंकड़ों कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। धरने के बाद डीसी को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। इस अवसर पर टोहाना के विधायक एवं पूर्व मंत्री परमवीर सिंह, फतेहाबाद के विधायक बलवान सिंह दौलतपुरिया, कांग्रेस जिला प्रधान अरविंद शर्मा ने विशेष तौर पर भाग लिया।
धरने को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेताओं ने कहा कि हरियाणा के ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा लाखों परिवारों के लिए जीवनरेखा रही है। इसके समाप्त होने से गरीबी, बेरोजगारी और पलायन में वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि मनरेगा एक कानूनी अधिकार था, जिसमें प्रत्येक ग्रामीण परिवार को मांग पर प्रति वर्ष 100 दिन रोजगार की गारंटी दी गई थी लेकिन नए अधिनियम में इसे समाप्त कर दिया गया है। सरकार द्वारा 125 दिनों के रोजगार का दावा वास्तविकता से परे है।
कांग्रेस द्वारा राष्ट्रपति से मांग की गई है कि वीबी-जीराम जी अधिनियम को तत्काल वापस लेकर मनरेगा 2005 को उसके मूल स्वरूप में बहाल किया जाए। मनरेगा में आवश्यक सुधार करते हुए रोजगार दिवसों को बढ़ाकर 200 दिन किया जाए व समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित किया जाए। अधिनियम के नाम में महात्मा गांधी का नाम पुन: सम्मानपूर्वक बहाल किया जाए। इस अवसर पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता जयपाल लाली, युवा अध्यक्ष संजय बिश्नोई, गुलबहार सिंह एडवोकेट, उपाध्यक्ष पवन कुमार, महासचिव रणधीर जांदू, घनश्याम आनंद, बलतेज रामगढिय़ा, सचिव देवराज हड़ौली, सतबीर सिंह, गुरविन्द्र जोहल, टेकचंद बागड़ी, नरेन्द्र तरड़, नरेश सोनी एडवोकेट सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।
