जौनपुर,12 मई । यूपी के जौनपुर में सरजू प्रसाद शैक्षिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था के तत्वावधान में मंगलवार को प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत टीबी मरीजों को पौष्टिक आहार किट वितरित की गई। कार्यक्रम में स्वास्थ्य जागरूकता के साथ टीबी मरीजों को उपचार के प्रति प्रेरित किया गया।मुख्य अतिथि डॉ. सुशील कुमार अग्रहरी ने पौष्टिक आहार किट वितरण के मेडिकल और सामाजिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए टीबी मरीजों को “गोद लेने” की प्रक्रिया एवं उसके उद्देश्य को विस्तार से बताया।
उन्होंने कहा कि समाज के सहयोग से ही टीबी उन्मूलन का लक्ष्य तेजी से पूरा किया जा सकता है।एसटीएलएस राजीव कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि टीबी मरीजों को अपना इलाज बीच में नहीं छोड़ना चाहिए और डीआर-टीबी मरीजों के परिवार के सदस्यों में लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच करानी चाहिए।कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रधानाचार्य डॉ. सुभाष सिंह ने टीबी के प्रमुख लक्षणों की जानकारी देते हुए बताया कि दो सप्ताह से अधिक खांसी, लगातार बुखार, बलगम में खून आना, वजन घटना, भूख कम लगना और रात में पसीना आना टीबी के लक्षण हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि इसकी जांच नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर नि:शुल्क कराई जा सकती है।
संस्था अध्यक्ष एवं प्रधान अध्यापक प्रमोद कुमार प्रजापति ने कार्यक्रम का संचालन करते हुए बताया कि टीबी हवा के माध्यम से फैलने वाली बीमारी है। फेफड़ों की टीबी से पीड़ित व्यक्ति के खांसने या थूकने से जीवाणु हवा में फैलकर अन्य लोगों को संक्रमित कर सकते हैं।इस अवसर पर नवीन सिंह, प्रदीप सिंह, सोमरू राम प्रजापति, ठाकुर प्रसाद राय, सागर श्रीवास्तव, अतुल, धर्मेंद्र कुमार श्रीवास्तव, बबलू, अमन श्रीवास्तव सहित अन्य लोग मौजूद रहे। अंत में पूर्व अध्यक्ष बाल न्यायालय संजय उपाध्याय ने सभी अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
